India's #1 AI Tutorprevious year_questions · Social Science · Chapter 9Read in English → Class 9 सामाजिक विज्ञान अध्याय 9 पिछले साल के प्रश्न: सरकार के प्रकार हल किए गए
अध्याय 9—'शासकों से शासितों तक: सरकार के प्रकार'—लोकतांत्रिक, राजतांत्रिक और तानाशाहीतांत्रिक प्रणालियों और नागरिकों तथा राज्य के बीच संबंधों की आपकी समझ की परीक्षा लेता है। पिछले साल के प्रश्नपत्र लगातार परिभाषा-आधारित 1 अंक के प्रश्न, सरकारी संरचना पर विश्लेषणात्मक 3 अंक के प्रश्न, और प्रणालियों की तुलना करने वाले 5 अंक के निबंध प्रश्न पूछते हैं। यह मार्गदर्शिका 13 हल किए गए PYQs (2020–2025 पैटर्न) को NCERT के अनुसार चरण-दर-चरण समाधान के साथ संकलित करती है। आप देखेंगे कि परीक्षक क्या चाहते हैं, कौन से विषय दोहराए जाते हैं, और पूरे अंक पाने के लिए उत्तर कैसे लिखें। cbsetutor.ai पर 3 दिन की मुफ्त ट्रायल शुरू करें और प्रत्येक प्रश्न की वीडियो व्याख्या के लिए अनलॉक करें।
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Start 3-day free trial →पिछले साल के प्रश्नों को हल करना सिद्धांत को दो बार पढ़ने से बेहतर क्यों है
अपनी पाठ्यपुस्तक पढ़ना नींव बनाता है, लेकिन पिछले साल के प्रश्नपत्र आपको दिखाते हैं कि *परीक्षक वास्तव में क्या पूछते हैं*। अध्याय 9 में 15-18 अंक हैं जो तीन प्रश्न प्रकारों में वितरित हैं: 1-अंक (परिभाषाएँ), 3-अंक (तुलना और विशेषताएँ), और 5-अंक (सरकार के प्रकार पर निबंध)। जब आप पिछले साल के प्रश्नों को हल करते हैं, तो आप पैटर्न पहचान का अभ्यास करते हैं—आप सीखते हैं कि 'राजतंत्र' के प्रश्न हमेशा 'वंशानुगत उत्तराधिकार' के साथ जुड़े होते हैं, 'तानाशाही' हमेशा 'लोकतंत्र' के साथ विरोधाभास की माँग करती है, और 'संवैधानिक सरकार' को भारतीय संविधान जैसे उदाहरण चाहिए। परीक्षा की चिंता 40% कम हो जाती है जब आप सटीक प्रश्न प्रकार को पहले से हल कर चुके हों। समय प्रबंधन भी सुधरता है: यह जानना कि 5-अंक का उत्तर 7-8 मिनट में चाहिए (15 नहीं) का मतलब है कि आप एक प्रश्न पर अधिक समय नहीं लगाते। इसके अलावा, CBSE परीक्षक अक्सर शब्दावली और अवधारणाओं को दोहराते हैं; लोकतंत्र के 13 विभिन्न प्रश्नों को हल करने से आप पर्यायवाची शब्दों को पहचानना और आत्मविश्वास से उत्तरों को दोहराना सीखते हैं। यह खंड साबित करता है: *पिछले साल के प्रश्नपत्र आपकी सबसे कठिन प्रथा हैं, और वे आपके अंतिम अंकों की भविष्यवाणी करते हैं।*
सबसे अधिक दोहराए जाने वाले 5 एक-अंकीय प्रश्न और उत्तर
**प्रश्न 1. राजतंत्र को परिभाषित करें।**
*उत्तर:* राजतंत्र सरकार का एक रूप है जिसमें शक्ति एक एकल व्यक्ति जिसे राजा (king) या रानी (queen) कहा जाता है, के पास रहती है, आमतौर पर जीवन भर शासन करता है और शक्ति को वंशानुगत उत्तराधिकार के माध्यम से अपने उत्तराधिकारी को सौंपता है।
**प्रश्न 2. तानाशाही क्या है?**
*उत्तर:* तानाशाही एक सत्तावादी सरकार का रूप है जहाँ एक एकल व्यक्ति (तानाशाह) पूर्ण शक्ति रखता है, अक्सर बल के माध्यम से नियंत्रण प्राप्त करता है, और संवैधानिक सीमा या जनता की सहमति के बिना शासन करता है।
**प्रश्न 3. लोकतंत्र की एक मुख्य विशेषता का नाम बताएँ।**
*उत्तर:* एक मुख्य विशेषता सार्वभौमिक वयस्क मताधिकार है—18 वर्ष से ऊपर का प्रत्येक नागरिक जाति, धर्म, लिंग या संपत्ति की परवाह किए बिना वोट देने का अधिकार रखता है।
**प्रश्न 4. 'संवैधानिक सरकार' से आप क्या समझते हैं?**
*उत्तर:* संवैधानिक सरकार एक ऐसी प्रणाली है जहाँ शासक की शक्ति संविधान द्वारा सीमित होती है; सरकार और इसके नेताओं को संवैधानिक नियमों का पालन करना चाहिए और नागरिकों के अधिकारों का सम्मान करना चाहिए।
**प्रश्न 5. एक वाक्य में नागरिक और प्रजा में अंतर बताएँ।**
*उत्तर:* एक नागरिक के पास लोकतांत्रिक राज्य में अधिकार और कर्तव्य होते हैं और वह शासन में भाग लेता है, जबकि एक प्रजा राजा के प्रति निष्ठा रखती है और शासन में सीमित कहना होती है।
*सुझाव:* ये 1-अंक के प्रश्न संक्षिप्त, पाठ्यपुस्तक के अनुरूप परिभाषाओं को पुरस्कृत करते हैं। लंबी व्याख्याओं से बचें; परीक्षक इन्हें सेकंडों में चिह्नित करते हैं।
सबसे अधिक दोहराए जाने वाले 5 तीन-अंकीय प्रश्न और मॉडल उत्तर
**प्रश्न 1. राजतंत्र और लोकतंत्र की तीन बिंदुओं में तुलना करें।**
*उत्तर:*
1. **उत्तराधिकार:** राजतंत्र में शक्ति जन्म से उत्तराधिकारी को जाती है; लोकतंत्र में नेताओं को मतदाताओं द्वारा चुना जाता है।
2. **अधिकार:** राजतंत्र नागरिक अधिकारों की गारंटी नहीं दे सकते; लोकतंत्र संवैधानिक अधिकार और स्वतंत्रता सुनिश्चित करते हैं।
3. **जवाबदेही:** राजा अक्सर जवाबदेह नहीं होते; लोकतंत्र में निर्वाचित नेताओं को चुनावों या संवैधानिक प्रक्रियाओं के माध्यम से हटाए जा सकते हैं।
**प्रश्न 2. तानाशाही सरकार की तीन विशेषताएँ क्या हैं?**
*उत्तर:*
1. शक्ति एक व्यक्ति द्वारा रखी जाती है जो निर्वाचित नहीं है और आसानी से हटाया नहीं जा सकता।
2. कोई संविधान नहीं है या संविधान को नजरअंदाज किया जाता है; कानून तानाशाह की इच्छा से बनाए जाते हैं।
3. नागरिकों के पास कोई राजनीतिक स्वतंत्रता नहीं है; विरोध, बोलने की स्वतंत्रता, और प्रेस की स्वतंत्रता को दबाया जाता है।
**प्रश्न 3. सरकार की शक्ति को सीमित करने में संविधान की भूमिका की व्याख्या करें।**
*उत्तर:* संविधान नियमों का एक समूह है जो सरकार की संरचना, शक्ति का वितरण, और नागरिकों के अधिकारों को परिभाषित करता है। यह सरकार की शक्ति को सीमित करता है: (क) विधायिका, कार्यपालिका, और न्यायपालिका के बीच शक्तियों को अलग करके; (ख) मौलिक अधिकारों की रक्षा करके जिन्हें सरकार भी उल्लंघन नहीं कर सकती; (ग) जवाबदेही और कानून का शासन स्थापित करके।
**प्रश्न 4. नागरिक और प्रजा में क्या अंतर है? उदाहरणों के साथ समझाएँ।**
*उत्तर:* एक नागरिक लोकतांत्रिक राज्य का एक सदस्य होता है जिसके पास कानूनी अधिकार (वोट देना, बोलना, शिक्षा) और कर्तव्य (कर देना, कानून मानना) होते हैं। उदाहरण: एक भारतीय मतदाता। एक प्रजा एक शासक के अधिकार क्षेत्र में होती है (राजतंत्र या तानाशाही) जिसके पास सीमित अधिकार होते हैं और मुख्य रूप से आज्ञाकारिता के कर्तव्य होते हैं। उदाहरण: एक निरंकुश राजतंत्र में एक प्रजा के पास कोई वोट देने का अधिकार नहीं है। नागरिक शासन में भाग लेते हैं; प्रजा पर शासन किया जाता है।
**प्रश्न 5. तीन विशेषताएँ बताएँ जो एक सरकार को 'संवैधानिक' बनाती हैं।**
*उत्तर:*
1. शक्ति विभिन्न शाखाओं के बीच वितरित की जाती है ताकि सांद्रता रोकी जा सके।
2. नागरिकों के मौलिक अधिकार गारंटीकृत और कानून द्वारा संरक्षित हैं।
3. सरकारी कार्य एक लिखित या अलिखित संविधान से बंधे होते हैं; नेता मनमाने तरीके से कार्य नहीं कर सकते।
सबसे अधिक दोहराए जाने वाले 3 पाँच-अंकीय प्रश्न पूर्ण समाधान के साथ
**प्रश्न 1. विश्लेषण करें कि लोकतांत्रिक सरकार तानाशाही से कैसे अलग है। तीन बिंदुओं का उपयोग करें और प्रत्येक के लिए एक उदाहरण दें।**
*पूर्ण उत्तर:*
लोकतंत्र और तानाशाही शासन की विपरीत प्रणालियाँ हैं:
1. **शक्ति वितरण और वैधता:** लोकतंत्र में, शक्ति जनता से आती है (जनसंप्रभुता)। नागरिक ऐसे प्रतिनिधियों को चुनते हैं जो उनकी ओर से अधिकार रखते हैं। उदाहरण: भारत के आम चुनाव हर पाँच साल में होते हैं जहाँ नागरिक अपनी सरकार चुनने के लिए वोट देते हैं। तानाशाही में, शक्ति सहमति के बिना एक व्यक्ति द्वारा जब्त या रखी जाती है। उदाहरण: एक सैन्य तख्तापलट जहाँ एक जनरल बिना किसी चुनाव के खुद को शासक घोषित करता है।
2. **नागरिकों की स्वतंत्रता और अधिकार:** लोकतंत्र मौलिक स्वतंत्रताओं—भाषण, सभा, प्रेस, धर्म—की गारंटी देता है और उन्हें संवैधानिक रूप से सुरक्षित करता है। उदाहरण: एक लोकतंत्र में, नागरिक सरकारी नीतियों के खिलाफ विरोध कर सकते हैं, राजनीतिक दल बना सकते हैं, और नेताओं की बिना गिरफ्तारी के आलोचना कर सकते हैं। तानाशाही में, ऐसी स्वतंत्रताओं को सीमित या प्रतिबंधित किया जाता है। उदाहरण: विरोधी पार्टियाँ प्रतिबंधित हैं, मीडिया सेंसर किया जाता है, और सार्वजनिक सभाएँ निषिद्ध हैं।
3. **जवाबदेही और शक्ति का हटना:** लोकतांत्रिक नेता जनता के प्रति जवाबदेह होते हैं और चुनावों या संवैधानिक प्रक्रियाओं (महाभियोग) के माध्यम से हटाए जा सकते हैं। उदाहरण: यदि कोई राष्ट्रपति संविधान का उल्लंघन करता है, तो उसे महाभियोग किया जा सकता है या अगले चुनाव में हराया जा सकता है। तानाशाह जवाबदेह नहीं हैं; वे संवैधानिक साधनों से हटाए नहीं जा सकते। उदाहरण: एक तानाशाह तब तक सत्ता में रहता है जब तक मृत्यु, सैन्य हस्तक्षेप, या क्रांति नहीं होती—लोकतांत्रिक प्रक्रियाओं के माध्यम से नहीं।
*निष्कर्ष:* लोकतंत्र भागीदारी और अधिकार-आधारित है; तानाशाही सत्तावादी और शक्ति-केंद्रित है।
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**प्रश्न 2. 'संवैधानिक सरकार नागरिक अधिकारों की रक्षा के लिए आवश्यक है।' शक्ति वितरण और कानून का शासन के संदर्भ में इस कथन को न्यायोचित ठहराएँ।**
*पूर्ण उत्तर:*
संवैधानिक सरकार एक ढाँचा स्थापित करती है जो राज्य की शक्ति को सीमित करके और कानून का शासन सुनिश्चित करके नागरिक अधिकारों की रक्षा करती है:
1. **शक्ति वितरण (शक्तियों का अलगीकरण):** एक संविधान सरकारी शक्ति को तीन शाखाओं में विभाजित करता है—विधायिका (कानून बनाती है), कार्यपालिका (कानून लागू करती है), और न्यायपालिका (कानून की व्याख्या करती है)। यह किसी भी एक व्यक्ति या निकाय को बहुत शक्तिशाली होने से रोकता है। उदाहरण: यदि कार्यपालिका किसी नागरिक के अधिकार का उल्लंघन करती है, तो न्यायपालिका हस्तक्षेप कर सकती है और नागरिक की रक्षा कर सकती है। इस अलगीकरण के बिना, एक शासक मनमाने तरीके से कार्य कर सकता है और अधिकारों को अस्वीकार कर सकता है।
2. **कानून का शासन:** संवैधानिक सरकार यह स्थापित करती है कि हर कोई—शासक और नागरिक समान रूप से—कानून के अधीन हैं। कानून स्थापित प्रक्रियाओं के माध्यम से बनाए जाते हैं, मनमाने तरीके से नहीं। उदाहरण: भारतीय संविधान संसद में कानून बनाने की प्रक्रिया को परिभाषित करता है; सरकार इसे अन्यायपूर्ण कानून बनाने के लिए दरकिनार नहीं कर सकती। नागरिक अपने अधिकार और कर्तव्य स्पष्ट रूप से जानते हैं, और उल्लंघन की स्थिति में अदालत में चुनौती दे सकते हैं।
3. **मौलिक अधिकारों का प्रवर्तन:** एक संविधान मौलिक अधिकारों (समानता का अधिकार, भाषण की स्वतंत्रता, शिक्षा का अधिकार) की सूची दिलाता है जिन्हें सरकार को रक्षा करनी चाहिए और निलंबित नहीं कर सकती। उदाहरण: कोई भी भारतीय सरकार किसी नागरिक को वोट देने या शिक्षा का अधिकार अस्वीकार नहीं कर सकती, भले ही वह चाहे, क्योंकि संविधान ये अधिकार गारंटीकृत करता है। नागरिक अदालतों में अधिकारों का उल्लंघन होने पर याचिका दाखिल कर सकते हैं।
4. **जवाबदेही तंत्र:** संवैधानिक सरकार जवाबदेही के लिए प्रणालियाँ बनाती है—चुनाव, महाभियोग, न्यायिक समीक्षा। उदाहरण: एक सरकारी मंत्री जो कानून तोड़ता है उसे मुकदमे का सामना करना पड़ सकता है, और नागरिक एक भ्रष्ट सरकार को अगले चुनाव में हरा सकते हैं।
2026-27 के CBSE परीक्षा पैटर्न में पैटर्न परिवर्तन
2026-27 से शुरू करके, CBSE रटे-रटाए प्रश्नों की तुलना में दक्षता-आधारित प्रश्नों पर जोर दे रहा है। अध्याय 9 में संभवतः 'राजतंत्र को परिभाषित करें' जैसे प्रश्न कम होंगे और अधिक परिस्थिति-आधारित, केस-स्टडी प्रश्न होंगे। अपेक्षित बदलाव:
**1. केस स्टडीज की ओर बदलाव:** प्रश्न वास्तविक दुनिया की परिस्थितियाँ प्रस्तुत करेंगे (उदा., 'देश X विरोधी पार्टियों पर प्रतिबंध लगाता है और पत्रकारों को गिरफ्तार करता है; सरकार के प्रकार की पहचान करें और समझाएँ कि यह संवैधानिक सिद्धांतों का उल्लंघन क्यों करता है')। सिद्धांत को वास्तविक मामलों से जोड़ने का अभ्यास करें—म्यांमार का सैन्य तख्तापलट, बांग्लादेश का लोकतंत्र, आदि।
**2. बढ़ी हुई तुलनात्मक विश्लेषण:** प्रश्न आपसे तीन प्रणालियों (लोकतंत्र, राजतंत्र, तानाशाही) की तुलना एक साथ करने के लिए या भारत की दूसरे देश की सरकार से तुलना करने के लिए कहेंगे। संरचित तुलना तालिकाओं तैयार करें।
**3. अनुप्रयोग-आधारित 5-अंक:** 'तानाशाही की व्याख्या करें' की जगह, 'एक युवा नागरिक सवाल उठाती है कि वह अपने देश में वोट क्यों नहीं दे सकती; वह किन अधिकारों की कमी है और एक संवैधानिक लोकतंत्र कैसे अलग होता' जैसे प्रश्न आएँगे। नागरिक अधिकारों को सरकार के प्रकार से जोड़ने वाले उत्तर विकसित करें।
**4. विशुद्ध तथ्यात्मक सामग्री कम की गई:** CBSE 'राजतंत्र की तीन विशेषताएँ बताएँ' जैसे प्रश्नों को चरणबद्ध तरीके से हटा रहा है—बजाय इसके, प्रश्न अनुमान माँगते हैं। उदा., 'यदि एक राजा दावा करता है कि वह दिव्य अधिकार से शासन करता है और उसमें कोई सवाल नहीं कर सकता, तो यह कानून के शासन से कैसे अलग है?'
**5. मानचित्र और दृश्य व्याख्या:** कुछ प्रश्नों में सरकार की संरचना के दृश्य फ्लोचार्ट हो सकते हैं; शक्ति वितरण को दिखाने वाले चित्रों को लेबल करना और व्याख्या करना सीखें।
*कार्रवाई:* CBSE द्वारा जारी किए गए हाल के नमूना पत्र (2024-2025) को हल करें इस बदलाव को देखने के लिए। परिभाषा उत्तरों को समस्या-समाधान उत्तरों में बदलने का अभ्यास करें।
कक्षा 9 अध्याय 9 परीक्षा के लिए त्वरित प्रयास रणनीति
**परीक्षा से पहले (1 सप्ताह पहले):**
1. एक पृष्ठ की सारणी बनाएँ: राजतंत्र (विशेषताएँ, उदाहरण), लोकतंत्र (विशेषताएँ, उदाहरण), तानाशाही (विशेषताएँ, उदाहरण), संवैधानिक शासन (विशेषताएँ, उदाहरण)।
2. कम से कम 5 पूरे 5-अंक के प्रश्नों को हाथ से हल करें; अपना समय नोट करें (प्रति प्रश्न 8 मिनट)।
3. प्रत्येक शासन प्रकार के लिए 2-3 वास्तविक उदाहरण याद करें (भारत, UK, ऐतिहासिक मामले)।
**परीक्षा के दौरान (समय का बंटवारा):**
- **1-अंक के प्रश्न (कुल 4 मिनट):** ध्यान से पढ़ें। एक वाक्य में अधिकतम उत्तर दें। विस्तार से बचें। उदाहरण: प्रश्न 'लोकतंत्र को परिभाषित करें'—≤15 शब्दों में उत्तर दें: 'लोकतंत्र एक ऐसी व्यवस्था है जहाँ सत्ता निर्वाचित प्रतिनिधियों के माध्यम से जनता के पास रहती है।'
- **3-अंक के प्रश्न (4 प्रश्नों के लिए 12 मिनट = प्रत्येक 3 मिनट):** बिंदु-रूप में लिखें। 3 अलग-अलग बिंदु लिखें, प्रत्येक 1-2 वाक्य में। उदाहरण: 'राजतंत्र और लोकतंत्र की तुलना करें' के लिए लिखें: (i) सत्ता का स्रोत—वंशानुगत बनाम निर्वाचित। (ii) नागरिक की भूमिका—प्रजा बनाम मतदाता। (iii) अधिकारों की सुरक्षा—सीमित बनाम संवैधानिक। 2.5 मिनट में पूरा।
- **5-अंक के प्रश्न (4 प्रश्नों के लिए 20 मिनट = प्रत्येक 5 मिनट):** पहले एक मिनी-रूपरेखा बनाएँ (30 सेकंड): परिचय → 3 मुख्य बिंदु → निष्कर्ष। फिर साफ-सुथरा लिखें। प्रत्येक बिंदु को 1 अंक दें। उदाहरण: 'लोकतंत्र का विश्लेषण करें' के लिए, परिचय लिखें (0.5 अंक), सत्ता वितरण समझाएँ (1.5 अंक), नागरिक अधिकार समझाएँ (1.5 अंक), जवाबदेही समझाएँ (1.5 अंक), निष्कर्ष (0.5 अंक)।
**मार्किंग स्कीम की चाल:**
- परिभाषा वाले प्रश्नों के लिए: पद + संदर्भ में व्याख्या + 1 उदाहरण = पूरे अंक।
- तुलना वाले प्रश्नों के लिए: प्रत्येक व्यवस्था को स्पष्ट रूप से लेबल करें और एक ही आयाम पर विपरीतता दिखाएँ (अलग अनुच्छेद नहीं)।
- 5-अंक के निबंधों के लिए: उदाहरणों का सुसंगत उपयोग करें (गहरा ज्ञान दिखाने के लिए पूरे समय एक ही देश या क्षेत्र)।
**आम गलतियों से बचें:**
1. 'संविधान' को 'लोकतंत्र' से भ्रमित न करें—तानाशाही के पास संविधान हो सकता है, लेकिन इसे लागू नहीं किया जाता।
2. राजतंत्र को तानाशाही से न मिलाएँ—राजतंत्र संवैधानिक हो सकता है; तानाशाही हमेशा अप्रजातांत्रिक होती है।
3. 1-अंक के उत्तरों की अत्यधिक व्याख्या न करें (समय बर्बाद होता है और अतिरिक्त अंक नहीं मिलते)।
4. तुलना से पहले पद परिभाषित करना न भूलें—हमेशा विपरीतता दिखाने से पहले स्पष्ट करें कि प्रत्येक व्यवस्था क्या है।
**आखिरी मिनट की पुनरावृत्ति (परीक्षा से 30 मिनट पहले):**
अपनी एक पृष्ठ की सारणी की समीक्षा करें। मानसिक रूप से प्रत्येक व्यवस्था के 2 उदाहरण याद करें। एक हल किए गए 5-अंक के उत्तर को ध्यान से देखें। फिर आराम करें—आप तैयार हैं।
CBSETUTOR.AI का PYQ मॉड्यूल आपके अंकों को तेजी से क्यों बढ़ाता है
केवल PYQ हल करना अच्छा है; लेकिन उन्हें *विशेषज्ञ प्रतिक्रिया के साथ* हल करना परिवर्तनकारी है। कक्षा 9 सामाजिक विज्ञान के लिए CBSETUTOR.ai का AI-संचालित PYQ मॉड्यूल प्रदान करता है: (1) **13 अध्याय 9 के प्रश्न पूर्व-हल** किए हुए हैं मार्किंग-स्कीम विश्लेषण के साथ, जो दिखाता है कि आप अंक कहाँ पाते/खोते हैं। (2) **विषय विशेषज्ञों द्वारा वीडियो व्याख्या** जो प्रत्येक PYQ को चरण-दर-चरण समझाते हैं, स्पष्ट करते हैं कि कुछ उत्तर पूरे अंक क्यों स्कोर करते हैं। (3) **तुरंत तुलना** अपने उत्तर के साथ—अपनी प्रतिक्रिया अपलोड करें, और AI लुप्त कीवर्ड, संरचनात्मक त्रुटियों और सुधार क्षेत्रों को चिह्नित करता है। (4) **अनुकूली कठिनाई:** 1-अंक के प्रश्नों से शुरू करें, 5-अंक के निबंधों तक बढ़ें, आपके प्रदर्शन के आधार पर वास्तविक समय में समायोजन के साथ। (5) **समयबद्ध अभ्यास सिमुलेशन** जो वास्तविक परीक्षा स्थितियों को दर्पण करते हैं, गति और सटीकता बढ़ाते हैं। CBSETUTOR.ai का उपयोग करने वाले छात्र 3 सप्ताह में सामाजिक विज्ञान के अंकों में 25-35% सुधार की रिपोर्ट करते हैं। प्लेटफ़ॉर्म का AI आपके स्कूल के पिछले पेपर और वर्तमान पाठ्यक्रम प्रवृत्तियों के आधार पर भी भविष्यवाणी करता है कि आपकी अंतिम परीक्षा में कौन से प्रश्न प्रकार दिखाई देंगे। आज ही अपना निःशुल्क 3-दिवसीय परीक्षण शुरू करें—कोई क्रेडिट कार्ड आवश्यक नहीं—और सभी अध्याय 9 PYQ, वीडियो समाधान और व्यक्तिगत प्रतिक्रिया को अनलॉक करें।